आज की स्थिति में भारत सहित समूची दुनिया में कई चुनौतियाँ सामने खड़ी हैं, चाहे वह इस्लामिक आतंकवाद हो, बेरोजगारी हो या आर्थिक गतिविधियाँ हों....

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आज के वर्तमान बांग्लादेश लेकिन अंग्रेजों के समय जो अविभाजित बंगाल था, वहाँ एक मियाँ टीटू मीर हुआ करते थे. इनके बारे में भारत के अंदर बहुत कम लोग जानते हैं, लेकिन उधर बांग्लादेश और इधर पश्चिम बंगाल में मियाँ मीर का बहुत महिमामंडन होता है.

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जिस कूड़े-कचरे (Garbage Management in Cities) को हम लोग अपने घरों से निकालकर बाहर फेंकते हैं, नगरनिगम की गाड़ियों में देते हैं या रद्दी=कूड़ा लेने वाले ठेलेवालों को सस्ते भावों में बेच देते हैं, वह कूड़ा-कचरा या कबाड़ वास्तव में एक करोड़ों रूपए का “शानदार बिजनेस” है...

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एक जनरल स्टोर के बाहर भीड़ के मध्य क्रान्तिवीर फिल्म के पात्र नाना पाटेकर का बोला गया बहुचर्चित डायलॉग बोलता वह नीग्रो (Negro Community in India) लड़का बड़ा आश्चर्यजनक लगा। एकाएक विश्वास ही न हुआ, कि यह अफ्रीकी नीग्रो लड़का आखिर कैसे इतनी स्पष्ट और शुद्ध टोन में नाना पाटेकर की मिमिक्री कर रहा है।

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जैसा कि अब लगभग पूरे देश के लोग जान चुके हैं कि मोबाईल पर ऑनलाइन (Online Games in India) खेला जाने वाला एक खेल है, “ब्ल्यू व्हेल” (Blue Whale Challenge). इस खेल में अक्सर किशोर के युवाओं को बड़ी ख़ूबसूरती से फांसा जाता है, और एक के बाद एक स्टेज पार करने का “टास्क” दिया जाता है, जिसमें कलाई काटने से लेकर ऊँची बिल्डिंग से कूदने जैसे मूर्खतापूर्ण टास्क भी होते हैं.

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बद्रीनाथ (Badrinath Dham) और केदारनाथ (Kedarnath Dham) भारतवर्ष के सुदूर उत्तर हिमालय की उपत्यकाओं में अवस्थित प्रसिद्ध श्रद्धा स्थल हैं बद्रीनाथ चार धामों (जगन्नाथपुरी, द्वारका, श्रृंगेरी तथा ज्योतिर्मठ) में से एक ज्योतिर्मठ (जोशीमठ) के रूप में जाना जाता है।

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Journey of Srila Prabhupada, ISKCON and Bhagvad Gita 

श्रील प्रभुपाद (Srila Prabhupada) पिछली शताब्दी के उन मुट्ठी भर आध्यात्मिक संतों में से एक हैं, जिनका जीवन और कर्तृत्व आगे आने वाले युगों-युगों तक युवाओं को प्रेरणा देता रहेगा।

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राजस्थान के ऐसा राज्य है जिसमे बहुत सी रियासते थी जिनका आजादी के बाद भारत मे विलय हुवा था केवल जोधपुर को छोड़ दिया जाए तो बाकी किसी रियासत के मामले में ज्यादा आपत्ति नही आई थी क्यों?

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इसी वर्ष 18 मई 2017 को भारत के तत्कालीन पर्यावरण मंत्री अनिल माधव दवे जी का स्वर्गवास हुआ था. अनिल माधव दवे (Anil Madhav Dave) की कर्मभूमि मध्यप्रदेश रही है.

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किसी भी सरकार में वित्त, रक्षा, गृह और विदेश मंत्रालय के बाद दो सबसे महत्त्वपूर्ण मंत्रालय होते हैं, मानव संसाधन और सूचना प्रसारण मंत्रालय (Information and Broadcasting Ministry). पिछली सरकारों खासकर वामपंथ समर्थित काँग्रेस सरकारों ने इन दोनों ही मंत्रालयों का जनता को अपने पक्ष में मोड़ने, तथा पाठ्यक्रमों व इतिहास में मनमाने बदलाव करके ब्रेनवॉश करने के लिए बेहतरीन उपयोग किया है.

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